अर्थव्यवस्था

अररिया जिला की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से कृषि पर निर्भर करती है। इस जिला का मुख्य कृषि उत्पादन धान, मक्का और जूट हैं। 2006 में भारत सरकार ने अररिया जिला को देश के 250 सबसे पिछड़े जिलों में से एक नाम दिया है। यह बिहार के 38 जिलों में से एक है, जो पिछड़ा क्षेत्र अनुदान निधि कार्यक्रम (बीआरजीएफ) से धन प्राप्त करता है।